महाराष्ट्र, आंध्र और बंगाल में तीन एम्स अस्पतालों को मंजूरी

महाराष्ट्र, आंध्र और बंगाल में तीन एम्स अस्पतालों को मंजूरी

ब्यूरो। प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत तीन नए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, एम्स, की स्थापना के लिए मंजूरी दे दी गई है। केंद्रीय मंत्रीमंडल ने इन तीनों एम्स के लिए चार हजार नौ सौ उनचार करोड़ रुपए की व्यवस्था की है। ये संस्थान महाराष्ट्र के नागपुर, आंध्र प्रदेश के मंगलागिरी और पश्चिम बंगाल के कल्याणी में स्थापित किए जाएंगे। इन नए एम्स की स्थापना राष्ट्रीय महत्व के संस्थान के तौर पर की जाएगी जिसके जरिए गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा और नर्सिंग शिक्षा उपलब्ध करवाई जाएगी। इसके अलावा स्थानीय लोगों को उच्च…

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बड़ा नुकसान करके जाता है दिमागी बुखार 

बड़ा नुकसान करके जाता है दिमागी बुखार 

ब्यूरो। जेपनीस इनसेफलाइटिस यानी दिमागी बुखार बेहद खतरनाक साबित हो रहा है। ये बुखार उतरने के बाद भी बड़ा नुकसान पहुंचाता है। दिमाग में सूजन आने के कारण कई तरह की दिक्कतें इसमें हो जाती है। जैसे नर्व सिस्टम पर असर पड़ना या पैरालाइसिस होना। भारत के इक्कीस राज्यों में जेपनीस इनसेफलाइटिस का असर देखने को मिलता है। इसमें उत्तर प्रदेश, असम और पश्चिम बंगाल सबसे ज्याद प्रभावित राज्य हैं।    कैसे फैलता है  जेपनीस इनसेफलाइटिस मच्छर के काटने से फैलता है। आमतौर पर ये माना जाता है कि मादा…

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जननांगों से खून बहना यानी सवाईकल कैंसर की आहट 

जननांगों से खून बहना यानी सवाईकल कैंसर की आहट 

ब्यूरो। महिलाओं में स्तन कैंसर के अलावा सर्वाइकिल कैंसर सबसे ज्यादा होता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक विकासशील देशों में सर्वाइकल कैंसर के कारण ज्यादा मौतें होती हैं, सही समय पर जानकारी और उचित इलाज न मिल पाने के कारण स्थिति बद से बदतर होती जा रही है। लेकिन, सर्वाइकल कैंसर को कुछ लक्षणों के आधार पर आसानी से पहचाना जा सकता है। इसके आधार पर आप अपने डॉक्टर से मिल सकती हैं। और उचित मेडिकल जांच के बाद कैंसर की पुष्टि करा सकती है। याद रखिए कैंसर का…

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प्लेटलेट्स कम होने पर घबराने की जरूरत नहीं 

प्लेटलेट्स कम होने पर घबराने की जरूरत नहीं 

ब्यूरो। डेंगू के मरीजों में अक्सर प्लेटलेट्स तेजी से कम होने लगती हैं। कम होती प्लेटलेट्स को लेकर अक्सर मरीज और तीमारदार चिंतित हो जाते हैं। लेकिन, वरिष्ठ डॉक्टरों की मानें तो प्लेटलेटस का कम होना इतनी गंभीर बात नहीं है। डेंगू के प्लाजमा लीकेज होने और मल्टीपल ओरगन के फेल होने के कारण ही मौतें होती हैं। लिहाजा, प्लेटलेटस के कम होने से ज्यादा प्लाजमा लीकेज होने के लक्षण को परखना चाहिए। इतना ही नहीं लगातार उल्टी आना भी खतरे के निशानी है।  वरिष्ठ डॉक्टरों के मुताबिक डेंगू के…

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पंद्रह सालों में मलेरिया से बचाई साठ लाख लोगों की जिंदगी

पंद्रह सालों में मलेरिया से बचाई साठ लाख लोगों की जिंदगी

ब्यूरो। पिछले पंद्रह सालों में मलेरिया से होने वाली मौतों में साठ प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है। इसका सीधा मतलब है कि करीब साठ लाख लोगों की जान मलेरिया से बचाई गई है। विश्व स्वास्थ्य संगठन और यूनीसेफ की जारी रिपोर्ट में ये बात कही गई है। इतना ही नहीं मलेरिया के नए मामलों में भी 37 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। कई देश ऐसे हैं जहां मलेरिया के नए केसों की संख्या जीरो हो गई है। कहीं पर दस से कम मरीज पाए गए हैं।…

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लापरवाही से लाइलाज बन जाता है अस्थमा

लापरवाही से लाइलाज बन जाता है अस्थमा

ब्यूरो। अस्थमा एक लंबे समय की फेफड़ों से जुड़ी बिमारी है जो सांस की नली को संकरा करती है। अस्थमा पिछले कुछ सालों से तेजी से बढ़ती जा रही है। पर्यावरण का प्रदूषण होना भी इसका एक कारण है। हाल ही में दिल्ली स्थित एम्स में अस्थमा और एलर्जी पर मंथन हुआ। इसमें देश भर के डॉक्टरों ने हिस्सा लिया। उत्तराखण्ड के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. संदीप निगम भी इसमें पहुंचे थे। उन्होंने बताया कि अस्थमा भारत में विकराल रूप लेता जा रहा है। ये भारत में खतरनाक स्थिति में…

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आवाज के स्वयंसेवकों ने किया रक्तदान ​

आवाज के स्वयंसेवकों ने किया रक्तदान ​

ब्यूरो। उत्तराखण्ड में आवाज जनकल्याण समिति ने रक्तदान शिविर लगाकर रक्तदान किया। रक्तदान में युवाओं ने बढचढ कर हिस्सा लिया। रक्तदान शिविर हरिद्वार के नेहरू युवा केंद्र में लगाया गया था। आवाज जनकल्याण समिति के अध्यक्ष मनीष नेगी ने बताया कि ये उनकी संस्था का दूसरा रक्तदान शिविर है। रक्तदान शिविर में हेमंत नेगी, दीपक रावत, धीरज, धर्मेश, सौरभ रौतेला, अंकित शर्मा, हरीश सैनी, तिलक राज, देवेंद्र कुमार, प्रसेनजीत सिंह, अरुण ठाकुर, संदीप कुमार, रामचंद्र, आशीष कुमार सिंह, रविंद्र उनियाल, परविंद्र कुमार, रवीश खरे, विकास, दीपक शर्मा, अनूप रावत, धीरज…

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आखिर क्या है नर्सेज संघ की ग्रेड-पे मांग

आखिर क्या है नर्सेज संघ की ग्रेड-पे मांग

ब्यूरो। उत्तराखण्ड में करीब सात से आठ हजार नर्सें पिछले छह दिनों से बेमियादी हड़ताल पर हैं। नर्सों की ये लड़ाई नई नहीं है। इसकी शुरूआत दो साल पहले तब हुई थी जब राज्य सरकार ने फार्मासिस्टों का आखिरी ग्रेड-पे 7600 कर दिया था। इसका नर्सों ने तब भी विरोध किया था। लेकिन, सरकार के आश्वासन के बाद नर्सों ने आंदोलन टाल दिया है। लेकिन, इस बार नर्सें आर पार की लड़ाई को तैयार हैं।  उत्तराखण्ड नर्सेज संघ की हरिद्वार जिलाध्यक्ष मीनाक्षी जेटली ने बताया कि नर्सें चार साल की…

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देश के इन इलाकों में पानी कर रहा बीमार

देश के इन इलाकों में पानी कर रहा बीमार

ब्यूरो। दुनिया भर में पानी कई तरह के रोगों का जनक है। भारत में भी दूषित पानी पीने के कारण लाखों लोग बीमार हो रहे हैं। कई ऐसे हैं जो पानी के कारण कैंसर जैसे घातक रोगों से ग्रस्त हो रह हैं। पानी में आर्सेनिक एक ऐसा तत्व हैं जिसके कारण लोग कई तरह के रोगों से ग्रस्त हो जाते हैं। देश के यूपी, बिहार, छत्तीसगढ़, असम और पश्चिम बंगाल इलाके ऐसे हैं जहां आर्सेनिक की मात्रा तय सीमा से अधिक हैं। आइये जानते हैं कौन से हैं ये इलाके…

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उत्तराखण्ड में नर्सों के कार्य बहिष्कार से मरीज बेहाल

उत्तराखण्ड में नर्सों के कार्य बहिष्कार से मरीज बेहाल

ब्यूरो। उत्तराखण्ड में नर्सेज संघ के तीन दिनों के सामूहिक अवकाश के चलते स्वास्थ्य सेवाएं पटरी से उतर आई हैं। हरिद्वार, देहरादून, रूड़की, उधम सिंह नगर, नैनीताल और पर्वतीय जनपदों में कार्य बहिष्कार का व्यापक असर देखा गया। नर्सेज संघ वेतन विसंगति को दूर करने की मांग कर रही है। नर्सेज संघ की हरिद्वार अध्यक्ष मीनाक्षी जेटली ने बताया कि नर्सों ने ग्रेड पे फार्मासिस्टों के समान किए जाने की मांग की थी। नर्स अपनी ड्यूटी जिम्मेदारी से निभा रही है। बावजूद इसके नर्सों को उनका हक नहीं दिया जा…

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